संकुल प्राचार्यों एवं शैक्षिक समन्वयकों को दिए गए जरूरी दिशा-निर्देश, 10वीं-12वीं के परीक्षा परिणाम बेहतर बनाने पर विशेष फोकस

रायगढ़, 25 अगस्त 2026। शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और आगामी वार्षिक परीक्षाओं में विद्यार्थियों के बेहतर परिणाम सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विकासखंड पुसौर में शिक्षा विभाग की मैराथन समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विद्यालयों की शैक्षणिक व्यवस्था, विद्यार्थियों की उपस्थिति, पाठ्यक्रम पूर्णता और कमजोर छात्रों के लिए विशेष शिक्षण व्यवस्था सहित विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के दिशा-निर्देश एवं जिला शिक्षा अधिकारी श्री श्यामनंदन साहू के मार्गदर्शन में आयोजित बैठक में विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री भुवनेश्वर पटेल ने विकासखंड के सभी 25 विद्यालयों के प्राचार्यों, संकुल प्राचार्यों और 31 संकुलों के शैक्षिक समन्वयकों के साथ विभागीय कार्यों की विस्तृत समीक्षा की।
स्कूलों की व्यवस्थाओं का लिया गया जायजा
बैठक के दौरान विद्यालयों में वीएसके एप पर पंजीयन एवं उपस्थिति, सीजी स्कूल में पंजीयन, अवकाश की नियमित स्वीकृति, स्मार्ट क्लास और आईसीटी सुविधाओं की स्थिति, पाठ्यक्रम पूर्णता, पुस्तकों की स्कैनिंग एवं ऑनलाइन वितरण जैसे विषयों की समीक्षा की गई।
इसके अलावा विद्यार्थियों के जाति प्रमाणपत्र निर्माण, जर्जर विद्यालय भवनों की स्थिति, शौचालय स्वीकृति तथा मध्यान्ह भोजन व्यवस्था पर भी अधिकारियों ने आवश्यक जानकारी ली और संबंधित कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
कमजोर विद्यार्थियों के लिए विशेष कक्षाओं पर जोर
बैठक में प्रत्येक विद्यालय से कमजोर विद्यार्थियों को चिन्हित करने और उनके लिए विशेष शैक्षणिक व्यवस्था करने की जानकारी ली गई। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए कि पढ़ाई में कमजोर बच्चों को अतिरिक्त सहयोग दिया जाए, ताकि आगामी परीक्षाओं में उनके प्रदर्शन में सुधार हो सके।
विशेष रूप से कक्षा 10वीं और 12वीं के कमजोर विद्यार्थियों के लिए सातवें कालखंड में अतिरिक्त कक्षाएं संचालित करने के निर्देश दिए गए। इन कक्षाओं के माध्यम से विद्यार्थियों की विषयवार कमजोरियों को दूर करने और परीक्षा की बेहतर तैयारी कराने पर जोर रहेगा।
मेधावी विद्यार्थियों के लिए बनेगी विशेष योजना
बैठक में केवल कमजोर विद्यार्थियों पर ही नहीं, बल्कि उत्कृष्ट प्रदर्शन करने और मेरिट सूची में स्थान बनाने की क्षमता रखने वाले विद्यार्थियों पर भी विशेष ध्यान देने की बात कही गई। ऐसे विद्यार्थियों की पहचान कर उन्हें बेहतर मार्गदर्शन, अतिरिक्त अध्ययन सामग्री और विशेष शैक्षणिक योजना के माध्यम से प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए गए।
शिक्षा विभाग का उद्देश्य आगामी बोर्ड परीक्षाओं में विकासखंड पुसौर के विद्यार्थियों का प्रदर्शन बेहतर करना और अधिक से अधिक विद्यार्थियों को उत्कृष्ट परिणाम के लिए तैयार करना है।
